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कौन क़ुबूल करता है, की कोन कितना सच्चा है। चाहे पतझड़ कितना भी लम्बा हो, फूल तों फिर भी खिलता है। क्या तुमने कभी किसीको मानते देखा है, की वो मन से आज भी एक बच्चा है। जितना जिसकी किस्मत में हो, उतना उसको जरूर मिलता है।
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Jul 23, 2020
Jul 23, 2020 at 5:37 PM UTC
कौन क़ुबूल करता है,
कौन क़ुबूल करता है, की कोन कितना सच्चा है। चाहे पतझड़ कितना भी लम्बा हो, फूल तों फिर भी खिलता है। क्या तुमने कभी किसीको मानते देखा है, की वो मन से आज भी एक बच्चा है। जितना जिसकी किस्मत में हो, उतना उसको जरूर मिलता है।
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Jul 23, 2020
Jul 23, 2020 at 5:37 PM UTC
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