ये बात सच है कि ज़िन्दगी भर कोई किसी का साथ नही निभाता,
गर भूल जाते बेवफ़ा बनकर तुझे,तो आज हँसकर अपना दर्द नही छुपाता,
एक वक्त वो भी था जब तुम्हारी मोहब्बत का मिशाल दिया करते,
एक वक्त ये भी है जब खुद को आज खुद ही नही समझ पाता,
ख़ामोश हु इसका मतलब ये नही की ज़ख्म भर गए हैं,
खामोश अब इसलिए हु क्योंकि ये दिल अब प्यार की भाषा नही समझ पाता,
अरे लोगों की नजरों में तो हम कल भी बुरे थे और आज भी बुरे है,
काश! तुम भी एक बार कह जाते
तो या तो उस मोहब्बत को जला देता या खुद ही जल जाता....
Jan 5, 2019
Jan 5, 2019 at 8:02 AM UTC
ये बात सच है कि ज़िन्दगी भर कोई किसी का साथ नही निभाता,
गर भूल जाते बेवफ़ा बनकर तुझे,तो आज हँसकर अपना दर्द नही छुपाता,
एक वक्त वो भी था जब तुम्हारी मोहब्बत का मिशाल दिया करते,
एक वक्त ये भी है जब खुद को आज खुद ही नही समझ पाता,
ख़ामोश हु इसका मतलब ये नही की ज़ख्म भर गए हैं,
खामोश अब इसलिए हु क्योंकि ये दिल अब प्यार की भाषा नही समझ पाता,
अरे लोगों की नजरों में तो हम कल भी बुरे थे और आज भी बुरे है,
काश! तुम भी एक बार कह जाते
तो या तो उस मोहब्बत को जला देता या खुद ही जल जाता....
